पटना: पटना में दो कोचिंग संस्थानों के बीच हुए विवाद और फायरिंग मामले की जांच में बड़ा खुलासा हुआ है। जांच में पता चला है कि खान कोचिंग सेंटर संचालक फैजल खान के दोनों निजी सुरक्षा गार्ड नियमों के विरुद्ध राइफल का इस्तेमाल कर रहे थे। इस खुलासे के बाद पुलिस दोनों हथियारों के लाइसेंस रद्द करने की अनुशंसा करने की तैयारी में है।
पुलिस जांच के मुताबिक गार्ड प्रदीप सिंह के हथियार का लाइसेंस यूपी में हथियार रखने और इस्तेमाल करने के लिए मान्य था, जबकि उसने बिहार में राइफल का इस्तेमाल किया। वहीं दूसरे गार्ड तालेवर सिंह के पास मौजूद हथियार के लाइसेंस की जांच में पता चला कि उस राइफल का इस्तेमाल करने का अधिकार उसके पिता के नाम पर था। ऐसे में तालेवर सिंह द्वारा उस हथियार का इस्तेमाल भी नियमों के विपरीत पाया गया।
बता दें 2 जून को खान सर कोचिंग सेंटर पर पथराव और मारपीट की घटना हुई थी। इस दौरान दोनों गार्ड्स ने भीड़ को नियंत्रित करने के नाम पर फायरिंग की थी। घटना के बाद पुलिस ने हथियारों को जब्त कर उनके लाइसेंस और वैधता की जांच शुरू की। जांच में सामने आई अनियमितताओं के आधार पर पुलिस अब संबंधित लाइसेंसिंग प्राधिकरण को दोनों हथियारों के लाइसेंस निरस्त करने की सिफारिश भेजेगी। इसके अलावा मामले में अन्य कानूनी पहलुओं की भी जांच की जा रही है।
पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। बता दें फायरिंग मामले की जांच अभी चल रही है और दोनों गार्ड अभी जेल में हैं। साथ ही कोर्ट ने फैजल खान की गिरफ्तारी पर रोक लगाई है। बीते दिनों लखनऊ के अलीगंज इलाके में हुए अग्निकांड के बाद फायर ब्रिगेड की टीम ने उनके बिहार और उत्तर प्रदेश स्थित कोचिंग सेंटर में इंस्पेक्शन किया। इस दौरान कई खामियां भी मिली।
यूपी में प्रयागराज विकास प्राधिकरण ने कोचिंग संस्थानों के खिलाफ एक्शन लिया। मानक पूरे न करने पर सिविल लाइंस में स्थित खान ग्लोबल क्लासेज कोचिंग को सील कर दिया गया है। कोचिंग सील करने से पहले छात्रों को बाहर निकाला गया। सीलिंग के बाद कोचिंग के बाहर नोटिस भी चस्पा कर दिया। बगैर अनुमति सील तोड़ने या दोबारा कोचिंग संचालन शुरू करने पर एफआईआर दर्ज करने की चेतावनी दी गई है।



